प्रकाशक Ajay Maken, Member of Parliament, Rajya Sabha. सीपीसीबी के सरकारी आँकड़ों का स्वतंत्र विश्लेषण।
हवा का हिसाब Hawa Ka Hisab
रिपोर्ट · 10 July 2026

मौसम ने आँकड़ा दबा दिया है — असली प्रदूषण आज भी उतना ही ऊँचा।

दिल्ली का आज का औसत AQI 63 पर है — और मौसम का असर अलग कर दें, तब भी इसका रुख़ ऊपर की ओर ही है।

विश्लेषण की अवधि: 9 जुलाई सुबह 10 बजे से 10 जुलाई सुबह 10 बजे तक
तुलना का आधार: 3 जुलाई से 17 जुलाई 2025
हिंदी में। अवधि 82 सेकंड।

आज की रिपोर्ट क्या कहती है

Pollutant detail
मौसम का असर अलग करते ही PM ten पिछले साल से 22 percent ऊपर बैठता है — यह चढ़ाव नीति की नाकामी है, मौसम की नहीं।
Pollutant detail
मौसम को हिसाब से हटा दें तो PM two point five पिछले साल से 12 percent ऊपर ठहरता है — यह बढ़ोतरी नीति की विफलता है, मौसम की नहीं।
Worst station
सबसे बुरी हालत Wazirpur की है — AQI 125, ‘मध्यम’ श्रेणी, और इसे ऊपर धकेल रहा है carbon monoxide।
What it does to health
University of Chicago के Air Quality Life Index की मानें तो दिल्ली का प्रदूषण हर व्यक्ति की औसत आयु में से कई बरस काट देता है।
What we are asking for
सरकार से हमारी तीन माँगें — पहली, PM ten के स्रोतों यानी निर्माण-धूल और सड़क-धूल पर बिना देर सख़्ती हो। दूसरी, मौसम-मुक्त PM ten में सबसे ख़राब Wazirpur के इलाक़े में स्थानीय स्रोतों पर फ़ौरन कार्रवाई और स्वास्थ्य-चेतावनी जारी हो। तीसरी, ‘ख़राब’ से ऊपर वाले दिनों में जन-स्वास्थ्य protocol लागू किया जाए।
एक सावधानी, जो हम रोज़ छापते हैं

गैस आँकड़ों — ख़ासकर NO2 — में अंतरराष्ट्रीय शोध ने इकाई-संबंधी गड़बड़ियाँ पाई हैं, जिनसे इनका दर्ज स्तर 80 percent से ज़्यादा तक ग़लत हो सकता है; PM2.5 और PM10 भरोसेमंद हैं — इसलिए आज का आकलन इन्हीं पर केंद्रित है।

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